पंजाब में आगामी विधानसभा चुनाव के मद्देनजर अपनी सियासी जमीन मजबूत करने और वोटरों के बीच पैठ बढ़ाने के इरादे से विभिन्न विपक्षी दल जुट गए हैं। इस कड़ी में विरोधी सरकार की कुछ नीतियों के खिलाफ लोगों के बीच मुखर हो रहे हैं। विरोधियों की घेराबंदी तोड़ने के लिए सूबे के अब सीएम भगवंत सिंह मान और उनके मंत्रियों ने कमान संभाल ली है।
सीएम सूबे के विभिन्न हिस्सों में जाकर अलग-अलग मंचों से लोगों को सरकारी नीतियों और मुद्दों पर सकारात्मक पहलुओं को समझाने की कोशिश कर रहे हैं। आप सरकार के सभी मंत्री, विधायक और नेता भी लोगों को बताने की कोशिश रहे हैं कि सरकारी नीतियां उन्हें कैसे लाभ पहुंचाएंगी। इस वक्त विपक्षी दल मुख्य रूप से लैंड पूलिंग नीति और सहकारी बैंकों की ओर से कर्ज की राशि काटकर फसल का भुगतान करने के मुद्दे पर पंजाब सरकार को घेरने में जुटे हैं। इनके अलावा भी अन्य मसलों पर सरकार पर निशाना साधा जा रहा है। ऐसे में जिलों में आयोजित विभिन्न कार्यक्रमों के मंचों से सीएम लोगों को बता रहे हैं कि कुछ विरोधियों ने यह अफवाह फैला दी है कि सरकार के अधीनस्थ कॉरपोरेट बैंक पहले कर्ज की रकम काटेंगे और उसके बाद किसानों की फसल का रुपया उनके खाते में ट्रांसफर करेंगे।